लोरमी। प्रदेश के नगरीय निकायों में लंबे समय से अटकी एल्डरमैन की नियुक्तियों को लेकर एक बड़ा अपडेट सामने आया है। छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री और नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव ने कहा है कि नगरीय निकायों में एल्डरमैन की नियुक्ति की प्रक्रिया बेहद तेजी से चल रही है। बहुत जल्द नियुक्तियां कर दी जाएगी।
लंबे समय से कार्यकर्ताओं और स्थानीय नेताओं को इस घोषणा का इंतजार था और अब खुद विभागीय मंत्री और उपमुख्यमंत्री अरुण साव के इस बयान के बाद सियासी सरगर्मियां तेज हो गई है। माना जा रहा है कि इस फैसले से निकायों के कामकाज में तेजी आएगी। बीजेपी संगठन के जमीनी कार्यकर्ताओं को एक बड़ा प्रतिनिधित्व मिलेगा। उपमुख्यमंत्री अरुण साव के पास ही नगरीय प्रशासन विभाग की जिम्मेदारी है। ऐसे में उनके इस बयान के बाद राजनैतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
जनसमस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए लोरमी के ग्राम करूहानार में ‘सुशासन तिहार’ समाधान शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाने की बात कही।
उपमुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में मौजूद विभिन्न विभागों के स्टॉलों का बारीकी से निरीक्षण किया और अधिकारियों को निर्देश दिए कि आम जनता को योजनाओं की पूरी जानकारी दी जाए। इस दौरान उन्होंने महिला एवं बाल विकास विभाग के स्टॉल में बच्चों को अन्नप्राशन भी कराया। उपमुख्यमंत्री साव ने साफ तौर पर कहा कि विकास और सुशासन हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। जनता के प्रति अपनी जवाबदेही निभाते हुए सरकार ने इस समाधान शिविर के माध्यम से लोगों की समस्याओं का मौके पर ही निपटारा किया है।
क्षेत्रवासियों को डिप्टी सीएम अरुण साव ने दी ये सौगातें
उन्होंने यह भी कहा लोग इस तपती दोपहरी में इतनी गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में उत्साहित होकर सुशासन तिहार में आ रहें यह बताता है कि जनता का विश्वास सरकार पर है और और उनकी समस्याओं का निराकरण जरूर होगा। क्षेत्र की जनता को बड़ी राहत देते हुए उपमुख्यमंत्री ने लगरा, हरदी, करूहानार, गातापार, रसपालपुर और बैजलपुर सहित विभिन्न ग्रामों के लिए उप स्वास्थ्य केंद्र भवन, पंचायत भवन, सामुदायिक भवन और डिजिटल सुविधा केंद्र निर्माण जैसे कई महत्वपूर्ण विकास कार्यों की घोषणा की। साथ ही उन्होंने शिविर में पहुंचे दिव्यांगों, किसानों, बुजुर्गों और महिला स्व-सहायता समूहों को विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत हितग्राही सामग्री और चेक भी वितरित किए।






