Tuesday, February 24, 2026
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    मतदाताओं में फैल रही भ्रांति पर निर्वाचन विभाग ने जारी की स्पष्ट गाइडलाइन

    दुर्ग। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के तहत छत्तीसगढ़ में अर्हता तिथि 01 जनवरी 2026 के संदर्भ में निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR 2026) का कार्य निर्धारित कार्यक्रम अनुसार जारी है। इसी बीच कई क्षेत्रों से शिकायतें मिली हैं कि बूथ लेवल अधिकारियों (BLOs) द्वारा मतदाताओं के बीच गलत जानकारी फैलाई जा रही है, जिसके चलते भ्रम का माहौल बन गया है। जानकारी के अनुसार, कुछ BLOs ने मतदाताओं को बताया कि गणना पत्रक (Enumeration Form) केवल विशेष रंग की पेन या स्याही से भरकर ही स्वीकार किए जाएंगे। इस तरह की भ्रामक सूचनाओं ने मतदाताओं में अनावश्यक चिंता पैदा कर दी है। कई लोगों ने इस मामले में निर्वाचन कार्यालय से स्पष्टीकरण भी मांगा।  इस पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, छत्तीसगढ़ के कार्यालय ने स्थिति स्पष्ट करते हुए साफ कहा है कि गणना पत्रक भरने के लिए किसी भी विशेष रंग की पेन, मार्कर या स्याही का उपयोग अनिवार्य नहीं है। मतदाता सामान्य नीले या काले पेन से फॉर्म भर सकते हैं। निर्वाचन आयोग ने फॉर्म भरने के लिए किसी भी प्रकार की अनिवार्य रंग संबंधी गाइडलाइन जारी नहीं की है। वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि SIR 2026 के दौरान फील्ड में काम कर रहे BLOs और BLO Supervisors को आयोग के वास्तविक दिशा-निर्देशों से पुनः अवगत कराया जा रहा है, ताकि किसी भी स्तर पर गलत जानकारी मतदाताओं तक न पहुंचे। सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि पुनरीक्षण प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, व्यवस्थित और आयोग के मानकों के अनुसार संपादित की जाए। अधिकारियों ने यह भी कहा कि गफलत फैलाने वाली सूचनाएं पुनरीक्षण कार्य की गंभीरता को प्रभावित करती हैं। इसलिए BLOs की जिम्मेदारी है कि वे हर मतदाता को सटीक और स्पष्ट जानकारी दें। यदि किसी अधिकारी द्वारा जानबूझकर गलत सूचना फैलाई जाती है या प्रक्रिया में लापरवाही बरती जाती है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई भी की जा सकती है। वहीं, निर्वाचन विभाग ने मतदाताओं से अपील की है कि वे किसी भी अपुष्ट या अफवाह आधारित जानकारी पर विश्वास न करें। विभाग द्वारा समय-समय पर जारी होने वाले अधिकृत आदेश, प्रेस नोट और स्थानीय प्रशासन के संदेश ही सही और अंतिम जानकारी माने जाएं। किसी शंका की स्थिति में मतदाता संबंधित BLO, ERO कार्यालय या जिला निर्वाचन कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।  विशेष गहन पुनरीक्षण 2026 का उद्देश्य राज्य की मतदाता सूची को और अधिक शुद्ध, त्रुटिरहित और अद्यतन बनाना है। इसके तहत नए योग्य मतदाताओं के नाम जोड़े जा रहे हैं, मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं और मौजूदा प्रविष्टियों में सुधार किया जा रहा है। इसलिए विभाग का मानना है कि जनभागीदारी और सही जानकारी अत्यंत आवश्यक है। निर्वाचन आयोग ने पुनः स्पष्ट किया है कि गणना पत्रक भरने के रंग को लेकर फैल रही सभी सूचनाएं पूरी तरह निराधार हैं, और मतदाताओं को चिंता करने की आवश्यकता नहीं है।

     

     

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