रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस बार की विजयादशमी को ऐतिहासिक और विशेष अवसर बताया। उनका कहना है कि इस दिन केवल धर्म और संस्कृति का उत्सव ही नहीं है, बल्कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की स्थापना के 100 वर्ष पूरे होने की वर्षगांठ भी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि एक शताब्दी की यह यात्रा न केवल अद्भुत और अभूतपूर्व है, बल्कि अत्यंत प्रेरक भी है। उन्होंने यह भी जोर दिया कि यह उपलब्धि सिर्फ संगठन की नहीं, बल्कि लाखों-लाख स्वयंसेवकों के जीवन के हर कर्म और प्रयास की परिणति है। राष्ट्र प्रथम की भावना मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि संघ के स्वयंसेवक हमेशा “Nation First” अर्थात राष्ट्र प्रथम की भावना के साथ काम करते रहे हैं। यह भावना उनकी सभी गतिविधियों, समाज सेवा और संगठनात्मक प्रयासों में सर्वोपरि रही है। उन्होंने बताया कि इस सिद्धांत ने संगठन को सशक्त और प्रेरक बनाया और इसे 100 वर्षों तक कायम रखा। विष्णुदेव साय ने यह भी कहा कि संघ के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव और राष्ट्र के प्रति जागरूकता फैलाने का कार्य निरंतर होता रहा है। स्वयंसेवक शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक सेवा, और सांस्कृतिक गतिविधियों में सक्रिय रहते हैं और समाज को नई दिशा देने में योगदान करते हैं।





