नई नगर पालिका की व्यवस्था पर उठे सवाल, जांच के बाद कार्रवाई के संकेत
डोंगरगांव(दीपक अवस्थी)नई बनी नगर पालिका डोंगरगांव की कर वसूली व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। विधायक दलेश्वर साहू के नगरीय क्षेत्र के विधायक प्रतिनिधि एवं मनोनीत सदस्य अखिलेश नखत को संपत्ति कर एवं समेकित कर की बकाया राशि का नोटिस जारी कर दिया गया, जबकि वे उक्त राशि जनवरी 2025 में ही जमा कर चुके थे।

गुरुवार को आयोजित पी आई सी की बैठक में यह मामला जोरदार ढंग से उठा। अखिलेश नखत ने कर जमा करने की पावती प्रस्तुत करते हुए अधिकारियों से जवाब मांगा। उन्होंने कहा कि यदि जनप्रतिनिधि को बिना तथ्य जांचे बकायेदार बताया जा सकता है, तो आम नागरिकों की स्थिति क्या होगी।
उन्होंने आरोप लगाया कि नगर क्षेत्र में कई लोगों को इसी प्रकार के नोटिस जारी किए गए हैं। जिन नागरिकों के पास पावती सुरक्षित नहीं है, वे अनावश्यक दबाव और भ्रम की स्थिति में हैं।
जिसके घर नल नहीं, उसे भी जलकर का नोटिस
विधायक प्रतिनिधि ने यह भी बताया कि कुछ ऐसे परिवारों को जलकर का नोटिस जारी किया गया है, जिनके घरों में नल कनेक्शन तक नहीं है। इसे उन्होंने रिकॉर्ड संधारण की गंभीर चूक बताया और कहा कि बिना भौतिक सत्यापन के नोटिस जारी करना प्रशासनिक लापरवाही है।
मैन्युअल से ऑनलाइन में आई दिक्कत
मामले पर नगर पालिका सीएमओ विनम्र जेमा ने कहा कि पूर्व में कर वसूली मैन्युअल प्रणाली से की जाती थी, जिससे अभिलेखों में विसंगतियां आईं। अब पूरी कर व्यवस्था को ऑनलाइन किया गया है और पुराने रिकॉर्ड को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपडेट किया जा रहा है। इसी प्रक्रिया के दौरान तकनीकी त्रुटियों के कारण कुछ मामलों में दोबारा डिमांड नोटिस जारी हो गए।
सीएमओ विनम्र जेमा ने यह भी स्पष्ट किया कि त्रुटि की गहन जांच एवं अध्ययन किया जा रहा है। रिकॉर्ड का मिलान कर सुधार की प्रक्रिया जारी है। उन्होंने कहा कि यदि जांच में किसी स्तर पर लापरवाही या दोषी पाए जाने की स्थिति सामने आती है, तो संबंधित अधिकारियों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।





