ब्रजेश पाण्डे ,AG खबर दंतेवाड़ा
- “बस्तर की संस्कृति, बस्तर की पहचान, बस्तर का गौरव”
बस्तर की 600 साल पुरानी परंपरा और आस्था का प्रतीक *विश्व प्रसिद्ध बस्तर दशहरा उत्सव 2026* आज लालबाग मैदान में भव्य रूप से मनाया गया। इस ऐतिहासिक अवसर को और गौरवपूर्ण बना दिया देश की प्रथम नागरिक *महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु* की उपस्थिति ने।

राष्ट्रपति मुर्मु के साथ मंच पर *छत्तीसगढ़ के राज्यपाल श्री रमेन डेका , मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय , उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री श्री विजय शर्मा , मंत्री श्री केदार कश्यप , भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री किरण सिंह देव* सहित अनेक जनप्रतिनिधि, समाज प्रमुख और हजारों की संख्या में बस्तरवासी मौजूद रहे।
माँ दंतेश्वरी की पावन धरा पर देश के सर्वोच्च पद पर आसीन व्यक्ति का आगमन समूचे बस्तर के लिए गर्व और हर्ष का विषय बना। राष्ट्रपति ने बस्तर की जनजातीय परंपराओं, लोक-कला और सांस्कृतिक वैभव की सराहना की। सदियों पुरानी आस्था और संस्कृति को मिला यह राष्ट्रीय सम्मान प्रत्येक बस्तरवासी के लिए अविस्मरणीय रहेगा।
लालबाग मैदान में ढोल-मांदल की गूंज, पारंपरिक नृत्य और रथ यात्रा के साथ दशहरा का माहौल पूरी तरह भक्तिमय रहा। सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच उत्सव शांतिपूर्ण और उल्लास के साथ संपन्न हुआ।






