छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के पामगढ़ नगर पंचायत से एक बेहद संवेदनशील और दुखद खबर सामने आई है। यहाँ शुक्रवार की रात चार दोस्तों ने मिलकर एक साथ शराब पी थी, जिसके कुछ ही देर बाद सभी की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। आनन-फानन में उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उपचार के दौरान बहुजन समाज पार्टी के पार्षद समेत दो लोगों ने दम तोड़ दिया। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और स्थानीय प्रशासन अलर्ट मोड पर है।
मृतकों की पहचान वार्ड क्रमांक 08 के बसपा पार्षद राम खिलावन जांगड़े और पामगढ़ में निजी क्लिनिक का संचालन करने वाले जोहित खरे के रूप में हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार रात करीब 10 बजे पामगढ़ के पुराना अस्पताल परिसर में इन दोनों ने अपने दो अन्य साथियों के साथ बैठकर शराब का सेवन किया था। शराब पीने के कुछ ही समय बाद चारों दोस्तों को असहजता महसूस होने लगी और उनकी हालत गंभीर रूप से बिगड़ने लगी। स्थिति बिगड़ती देख उन्हें तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ से प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत में उन्हें बिलासपुर रेफर किया गया। यहाँ इलाज के दौरान पार्षद राम खिलावन जांगड़े ने सिम्स अस्पताल में और जोहित खरे ने अपोलो अस्पताल में दम तोड़ दिया।
इस घटना में शामिल बाकी दो अन्य युवकों की हालत भी बेहद चिंताजनक बनी हुई है, जिनका इलाज फिलहाल पामगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टरों की निगरानी में चल रहा है। इस दर्दनाक हादसे के बाद से पामगढ़ क्षेत्र में तनाव और शोक का माहौल है। प्रारंभिक तौर पर आशंका जताई जा रही है कि शराब में किसी तरह का जहर या मिलावट हो सकती है, जिसकी वजह से यह दुखद हादसा हुआ। हालांकि, पुलिस और स्थानीय प्रशासन का कहना है कि मौत के असली कारणों का सटीक खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने और फॉरेंसिक जांच के बाद ही हो सकेगा। पामगढ़ थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और शराब के स्रोत के साथ-साथ मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है।







