रायपुर। इंडिया टुडे-सी वोटर की हाल ही में हुए सर्वे में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को बड़े राज्यों की श्रेणी में दूसरा स्थान दिया गया है। सर्वे के मुताबिक विष्णु देव साय देश के दूसरे सबसे लोकप्रिय मुख्यमंत्री बने हैं। ऐसा माना जाता है कि सुशासन तिहार में मुख्यमंत्री गाँव गाँव जाकर लोगों से जिस आत्मीयता से मिले और उनकी समस्याओं का निराकरण किया, उससे लोगों में उनकी लोकप्रियता बढ़ी। सर्वे का परिणाम भी उसी का नतीजा है। सर्वेक्षण के परिणामों से यह भी पता चलता है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा शुरू की गई योजनाएं और कार्यक्रम जनता तक सही तरीके से पहुंच रही है। जनता ने बेस्ट मुख्यमंत्री माना विष्णुदेव साय को इंडिया टुडे–C Voter के Mood of the Nation (MOTN) Survey में सीएम विष्णु देव साय के कामकाज को लेकर जनता का भरोसा लगातार बढ़ता दिख रहा है। अगस्त 2025 के सर्वेक्षण में उनके गृह राज्य के 41.9 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने उनके कार्य को संतोषजनक बताया है, जो फरवरी 2025 के 39 प्रतिशत से बढ़कर दर्ज हुआ है। यानी महज़ छह महीनों में मुख्यमंत्री के प्रति जनता की संतुष्टि में 2.9 प्रतिशत अंकों की वृद्धि दर्ज की गई है। यह उपलब्धि बड़े राज्यों की श्रेणी में उन्हें दूसरे स्थान पर स्थापित करती है। Also Read – हड़ताल पर बैठे NHM कर्मचारियों को वेतन नहीं मिलेगा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की लोकप्रियता इस बात का प्रमाण है कि अगर नेतृत्व ईमानदार, संवेदनशील और विकास के प्रति प्रतिबद्ध हो, तो जनता का समर्थन और विश्वास स्वतः प्राप्त होता है। उनकी कार्यशैली, नीतियां और जनसंपर्क उन्हें न केवल राज्य में बल्कि देश भर में एक आदर्श नेता के रूप में स्थापित कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सुशासन, विकास और जनकल्याण की दिशा में एक नई पहचान बना रहा है। यही कारण है कि आज विष्णु देव साय केवल छत्तीसगढ़ के नहीं, बल्कि पूरे देश के एक प्रमुख और प्रेरणादायक नेता के रूप में देखे गए। विविध सांस्कृतिक पृष्ठभूमि वाले राज्य में सामाजिक समरसता बनाए रखना एक बड़ी चुनौती होती है। विष्णु देव साय ने विभिन्न समुदायों को जोड़ने और आपसी सौहार्द बनाए रखने के लिए कई पहलें की हैं। धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक आयोजनों को बढ़ावा देकर उन्होंने राज्य में एकता की भावना को मजबूत किया है। साय सरकार ने प्रदेश में सुशासन तिहार चलाया सुशासन तिहार में सीएम विष्णु देव साय ने प्रदेशभर का व्यापक भ्रमण करते हुए आमजन की समस्याओं को सीधे सुना और शिकायत निवारण समाधान शिविरों के माध्यम से त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की। इस पहल से शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन को जमीनी स्तर पर नई गति मिली। साथ ही निचले प्रशासनिक तंत्र की कमियाँ उजागर हुईं, जिन्हें तत्परता से दूर किया गया। मुख्यमंत्री की यह संवेदनशील और सक्रिय कार्यशैली जनता को निकटता से महसूस हुई, जिससे उनके प्रति विश्वास और अधिक सुदृढ़ हुआ।





