राजनांदगांव। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने आज गौरव पथ स्थित प्रयास आवासीय विद्यालय का शुभारंभ किया। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री बाल भविष्य सुरक्षा योजना के तहत वर्ष 2010 से प्रयास आवासीय विद्यालयों की स्थापना की शुरूआत हुई थी और आज पूरे छत्तीसगढ़ में प्रयास आवासीय विद्यालयों का विस्तार हो रहा है। प्रयास आवासीय विद्यालयों में स्कूली शिक्षा के साथ विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाती है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने जीवन में लक्ष्य निर्धारित करने कहा और उस लक्ष्य को पाने के लिए कड़ी मेहनत करने कहा।
विधानसभा अध्यक्ष ने बच्चों को स्वामी विवेकानंद के प्रसिद्ध और प्रेरणादायक कथन उठो, जागो और तब तक मत रूको जब तक लक्ष्य की प्राप्ति न हो जाए के माध्यम से जीवन का मूल मंत्र दिया और कहा कि सफलता प्राप्त करने के लिए धैर्य और दृढ़ इच्छाशक्ति होना भी आवश्यक है। रविन्द्र नाथ टैगोर के प्रसिद्ध प्रेरणादायी कथन सागर केवल खड़े होकर देखने से पार नहीं किया जा सकता, सागर में उतरना पड़ता है के माध्यम से बच्चों को जीवन में आगे बढऩे के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर बच्चों को किताबें एवं अन्य सामग्री का वितरण किया।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि प्रयास आवासीय विद्यालय में कक्षा 9वी से 12वीं तक के बच्चों को राष्ट्रीय स्तर के शिक्षकों द्वारा शिक्षक-प्रशिक्षण दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि दंतेवाड़ा, बीजापुर जिले में संचालित प्रयास आवासीय विद्यालयों के बच्चों ने इंजीनियर, डॉक्टर, प्रोफेसर बनकर तथा विभिन्न क्षेत्रों में राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनायी है। उन्होंने कहा कि स्कूली शिक्षा के बाद विभिन्न क्षेत्रों में कैरियर बना सकते है।
उन्होंने बताया कि विभिन्न क्षेत्रों में कैरियर बनाने के लिए अलग-अलग परीक्षाओं का आयोजन होता है और कॉलेज में जाने के बाद जीवन के चार साल जीवन का कठिन समय होता है। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि आप बीजापुर, दंतेवाड़ा जैसे दूरस्थ क्षेत्रों से आए है। आप सभी मन लगाकर पढ़ाई करें। कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ का मार्गदर्शन आप सभी को मिलेगा। मैं अभिभावक के तौर पर मार्गदर्शन देते रहूंगा। कठिन परिश्रम और प्रयास से निश्चित रूप से सफलता प्राप्त की जा सकती है। उन्होंने कहा कि आप सभी ग्रामीण अंचलों से आए है और आपके अभिभावकों को आपसे बहुत उम्मीदे हैं। सफल होने के लिए जीवटता एवं ताकत होनी चाहिए। कही असफलता मिले, तो इसे चुनौती मानकर स्वीकार करें। जीवन में डर एवं भय नहीं होना चाहिए।
उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति भारतरत्न डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के जीवन के प्रेरक प्रसंगों को साझा करते हुए बताया कि डॉ. कलाम पायलेट बनना चाहते थे, लेकिन नहीं बन पाये। बाद में वे एक सफल वैज्ञानिक तथा देश के राष्ट्रपति बने। राष्ट्रपति बनने के बाद उन्होंने पायलेट के रूप में विमान चलाया। उन्होंने कहा कि हार से डरना नहीं है, इससे बेहतर करें और हिम्मत से जूझे। इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष को बच्चों ने लक्ष्य एवं सपनों के बारे में बताया। किसी ने एयरो इंजीनियरिंग स्पेशलिस्ट बनने, तो किसी ने डॉक्टर बनने की बात बताई। विधानसभा अध्यक्ष ने बच्चों को पढ़ाई के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि बड़े सपने देखे और उन सपनों को पूरा करने के लिए दृढ़ विश्वास से आगे बढ़े।कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने कहा कि प्रयास आवासीय विद्यालय राजनांदगांव में प्रारंभ हो गया है। प्रारंभिक सत्र 2025-26 में कक्षा 9वीं में 50 बालिका एवं 75 बालक कुल 175 स्वीकृत सीट है। उन्होंने कहा कि दूरस्थ क्षेत्रों से बच्चों ने यहां प्रवेश लिया है। आने वाले समय में प्रयास आवासीय विद्यालय में और भी बेहतर कार्य होंगे। बच्चों की पढ़ाई की गुणवत्ता के लिए विशेष तौर पर कार्य किया जाएगा।
उन्होंने बालिकाओं के हॉस्टल में महिलाओं की ड्यूटी लगाने कहा तथा प्रयास आवासीय विद्यालय में बाऊंण्ड्रीवाल बनाने के लिए कहा। कलेक्टर ने सभी विद्यार्थियों से कहा कि प्रयास आवासीय विद्यालय के माध्यम से आपके कैरियर में एक नया दरवाजा खुल गया है। जिससे आपको उन्नति के अच्छे अवसर प्राप्त होंगे। देश के भविष्य के लिए आप सभी बच्चे अच्छा कार्य करेंगे। उन्होंने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के जन्मदिन पर बच्चों को एक अच्छा अवसर प्राप्त हुआ है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह ने प्रतिवेदन का वाचन किया।





