- घर बंद कर बाहर जाने वालों को मिल रही सुरक्षा की निगरानी, शिक्षक शशांक साहू ने फेसबुक पर साझा किया अनुभव
डोंगरगांव(दीपक अवस्थी)। क्षेत्र में बढ़ती चोरी की घटनाओं पर नियंत्रण और बंद मकानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से डोंगरगांव पुलिस द्वारा शुरू की गई ‘खाकी आई’ सेवा का असर अब दिखाई देने लगा है। घर बंद कर बाहर जाने वाले लोगों के मकानों पर पुलिस विशेष निगरानी रख रही है। इस पहल से लोगों में सुरक्षा को लेकर भरोसा बढ़ा है।
20 जनवरी 2026 से लागू की गई इस व्यवस्था के तहत ऐसे नागरिक, जो किसी कारणवश अपना घर बंद कर बाहर जाते हैं, उन्हें इसकी पूर्व सूचना वार्ड पार्षद एवं संबंधित थाने को देने की व्यवस्था की गई है। इसके लिए पुलिस द्वारा विशेष सूचना प्रपत्र भी उपलब्ध कराया गया है। प्रपत्र के माध्यम से पुलिस को घर के मालिक का नाम, पता, मोबाइल नंबर, घर की गूगल लोकेशन अथवा लैंडमार्क, घर खाली रहने की अवधि, पड़ोसी को दी गई सूचना और सीसीटीवी कैमरों की जानकारी मिलती है। सूचना मिलने के बाद संबंधित मकान की विशेष निगरानी और क्षेत्र में गश्त बढ़ाई जाती है।
- शिक्षक ने फेसबुक पर साझा किया अनुभव
इस व्यवस्था का लाभ लेने वाले शिक्षक शशांक साहू ने अपने फेसबुक पोस्ट में डोंगरगांव पुलिस की कार्यशैली की सराहना की है। उन्होंने बताया कि 19 अगस्त को वे परिवार के साथ हरिद्वार गए थे। घर की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्होंने ‘खाकी आई’ सेवा के माध्यम से डोंगरगांव थाने को अपने घर के बंद रहने की सूचना दी थी।
शशांक साहू के अनुसार इसके बाद पुलिस पेट्रोलिंग टीम ने उनके घर की लगातार निगरानी की। रात में दो-तीन बार पेट्रोलिंग वाहन से घर की जांच की गई। पुलिस जवानों ने रात में घर के सामने खड़े होकर फोटो भेजकर भी उन्हें सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी दी। इसके अलावा प्रतिदिन फोन कर घर की स्थिति के बारे में जानकारी दी गई और उन्हें निश्चिंत रहने का भरोसा दिलाया गया।
शशांक साहू ने फेसबुक पोस्ट के माध्यम से थाना प्रभारी और डोंगरगांव पुलिस की पेट्रोलिंग टीम का विशेष आभार जताया। उन्होंने लोगों से भी ‘खाकी आई’ सेवा की जानकारी लेने और घर को सूना छोड़कर बाहर जाने की स्थिति में पुलिस को सूचना देने की अपील की है।
- गश्त के साथ चेक प्वाइंट भी
थाना प्रभारी आशीर्वाद रहटगंवाकर के अनुसार सूचना मिलने के बाद बंद मकानों की विशेष निगरानी की जाती है। आवश्यकता के अनुसार क्षेत्र में गश्त बढ़ाने के साथ चेक प्वाइंट भी लगाए जा सकते हैं। पुलिस ने नागरिकों से सड़क की ओर फोकस करने वाले सीसीटीवी कैमरे लगाने की अपील की है, ताकि संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा सके।
पुलिस की इस पहल से बंद मकानों में चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के साथ लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत होने की उम्मीद है। शिक्षक शशांक साहू का अनुभव इस व्यवस्था के प्रति लोगों का भरोसा बढ़ाने वाला माना जा रहा है।














