बस किराया 40% बढ़ा, भर्ती परीक्षाओं पर भी बवाल! कांग्रेस ने साय सरकार को घेरा

रायपुर : छत्तीसगढ़ में बस किराए में बढ़ोतरी और सरकारी भर्ती परीक्षाओं की व्यवस्था को लेकर सियासत तेज हो गई है। कांग्रेस ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर महंगाई बढ़ाने और भर्ती प्रक्रिया को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बस किराया बढ़ाए जाने को लेकर सरकार को घेरा, वहीं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने भर्ती परीक्षाओं में सामने आ रही समस्याओं को लेकर निशाना साधा।

बस किराए में 40% बढ़ोतरी पर भूपेश बघेल ने उठाए सवाल

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश में बढ़ती महंगाई का मुद्दा उठाते हुए कहा कि आम जनता पहले से ही महंगाई से परेशान है। ऐसे में जरूरी सेवाओं और दैनिक जरूरतों से जुड़ी चीजों की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी लोगों की मुश्किलें बढ़ा रही है।

बघेल के मुताबिक, प्रदेश में पिछले तीन साल के भीतर बिजली बिल में पांच बार बढ़ोतरी की जा चुकी है। वहीं, बस किराए में एक साल के भीतर दूसरी बार इजाफा किया गया है। उन्होंने इस बार बस किराए में 40 प्रतिशत वृद्धि का मुद्दा उठाते हुए पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की बढ़ती कीमतों पर भी सवाल खड़े किए।

पूर्व मुख्यमंत्री ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि महंगाई के कारण आम लोगों का बजट प्रभावित हो रहा है। उन्होंने सवाल किया कि जब जरूरी चीजों के दाम लगातार बढ़ रहे हैं, तो अब ऐसा क्या बचा है, जिसकी कीमतों में बढ़ोतरी नहीं हुई है।

भर्ती परीक्षाओं में बार-बार बदलाव पर भी उठाए सवाल

महंगाई के साथ-साथ भूपेश बघेल ने सरकारी भर्ती परीक्षाओं और पुलिस भर्ती प्रक्रिया को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि कभी इंटरव्यू स्थगित कर दिए जाते हैं, कभी पदोन्नति की प्रक्रिया प्रभावित होती है, तो कभी परीक्षाओं को टालने की स्थिति बन जाती है।

बघेल ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार देश और प्रदेश में परीक्षाओं का सुचारु संचालन करने में विफल रही है। भर्ती प्रक्रियाओं में बार-बार आने वाली बाधाओं से अभ्यर्थियों की चिंता बढ़ती है और उनके भविष्य पर भी असर पड़ सकता है।

दीपक बैज का आरोप- प्रदेश में कोई परीक्षा सुरक्षित नहीं

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने भी भर्ती परीक्षाओं को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ में किसी भी विभाग की परीक्षा को लेकर अभ्यर्थी आश्वस्त नहीं हैं। पुलिस भर्ती के इंटरव्यू स्थगित होने और शिक्षक भर्ती परीक्षा से जुड़े मुद्दों को उठाते हुए उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए।

बैज ने कहा कि भाजपा सरकार ने छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (PSC) की परीक्षा को संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की तर्ज पर आयोजित करने का दावा किया था। लेकिन उनके मुताबिक, सरकार शिक्षक भर्ती, व्यापम और सब इंस्पेक्टर (SI) भर्ती जैसी प्रक्रियाओं को भी व्यवस्थित ढंग से संचालित नहीं कर पा रही है।

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि राज्य की परीक्षा व्यवस्था भ्रष्टाचार का अड्डा बन गई है। हालांकि, ये आरोप कांग्रेस नेताओं की ओर से लगाए गए हैं। इन आरोपों के संबंध में सरकार का पक्ष सामने आने पर मामले की दूसरी तरफ भी स्पष्ट हो सकेगी।

महंगाई और भर्ती प्रक्रिया बनी सियासी बहस का मुद्दा

बस किराए में बढ़ोतरी और भर्ती परीक्षाओं से जुड़े विवादों ने प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर सरकार और विपक्ष के बीच टकराव बढ़ा दिया है। कांग्रेस इन मुद्दों को लेकर सरकार की नीतियों और प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल उठा रही है। अब इन आरोपों पर सरकार की प्रतिक्रिया और भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर आगे होने वाले फैसलों पर नजर रहेगी।

Hot Topics

Related Articles