बलौदाबाजार जिले के ग्राम पंचायत रसौटा के सचिव बालाराम कुर्रे को लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई CM हेल्पलाइन 1076 पर मिली शिकायत की जांच के बाद की गई। शिकायत में सचिव के अक्सर कार्यालय से गायब रहने और मोबाइल बंद रखने की बात कही गई थी।
एक ग्रामीण ने CM हेल्पलाइन 1076 पर शिकायत की थी कि पंचायत सचिव बालाराम कुर्रे अक्सर कार्यालय में मौजूद नहीं रहते हैं। संपर्क करने पर उनका मोबाइल भी बंद मिलता है। इससे ग्रामीणों के पंचायत से जुड़े काम और सरकारी योजनाओं का लाभ लेने की प्रक्रिया प्रभावित हो रही थी।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए जनपद पंचायत पलारी के CEO ने मामले की जांच कराई। जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद जिला प्रशासन ने सचिव के खिलाफ कार्रवाई की।
पंचायत सेवा नियम के तहत निलंबन
जांच रिपोर्ट के आधार पर बालाराम कुर्रे को छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन एवं अपील) नियम, 1999 के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय जनपद पंचायत पलारी रहेगा। उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।
दूसरे सचिव को मिली अतिरिक्त जिम्मेदारी
बालाराम कुर्रे के निलंबन के बाद ग्राम पंचायत गबोद के सचिव अरुण कुमार कैवर्त्य को रसौटा पंचायत का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। वे अगले आदेश तक पंचायत का काम संभालेंगे। लापरवाही पर प्रशासन सख्त
प्रशासन ने साफ किया है कि पंचायतों के कामकाज में लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पंचायत सचिवों को समय पर कार्यालय पहुंचने और ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान करने के निर्देश दिए गए हैं।
CM हेल्पलाइन 1076 पर शिकायत के बाद हुई इस कार्रवाई से ग्रामीणों में भी उम्मीद जगी है कि पंचायत के काम अब समय पर होंगे।














