जियाउल खान
सरगुजा जिले के लखनपुर विकासखंड के सुदूर वनांचल ग्राम पटकुरा काशीडांड से चिताघुटरी मार्ग पर स्थित नदी में पुल के अभाव में स्कूली बच्चों और ग्रामीण जान जोखिम में डालकर नदी पार करने को मजबूर हैं। बरसात के दिनों में स्कूली बच्चों और ग्रामीणों को नदी पार कर आवाजाही में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। नदी में पानी का बहाव होने के कारण बच्चों को स्कूल से घर लौटते समय नदी पार करना पड़ता है। वायरल वीडियो में पालक अपने-अपने बच्चों को नदी पार कराते नजर आए। बच्चों की सुरक्षा को लेकर पालकों में भी चिंता बनी हुई है। बारिश के मौसम में नदी का जलस्तर बढ़ने पर स्थिति और भी खतरनाक हो सकती है।
ग्रामीणों का कहना है कि काशी डांड से चिताघुटरी मार्ग पर नदी में सुरक्षित आवागमन की व्यवस्था नहीं होने के कारण स्कूली बच्चों सहित ग्रामीणों को परेशानी उठानी पड़ रही है। कई बार शासन प्रशासन से इस नदी में पुल बनाए जाने की मांग की गई है परंतु कई वर्ष भी जाने के बाद भी भयावह स्थिति बनी हुई है। शासन प्रशासन कोई शोर ध्यान देने की जरूरत है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नदी पर जल्द सुरक्षित पुल या वैकल्पिक आवागमन की व्यवस्था की जाए, ताकि बारिश के दिनों में किसी अप्रिय घटना की आशंका न रहे।
बरसात के मौसम में चिता घुटरी अपने मुख्य ग्राम पंचायत और ब्लॉक मुख्यालय से कट जाता है। बच्चों को स्कूल आने जाने , मरीजों को एंबुलेंस की सुविधा नहीं मिलने और राशन उठाव के लिए ग्रामीण काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है की यही नहीं बरसात के दिनों में ग्रामीण जान जोखीम में डालकर नदी पार कर अपने जरूरत के सामान लेने मुख्य ग्राम पहुंचते हैं।














