कमल कुमार मेश्राम,खैरागढ़। लोकतंत्र और नागरिकों के सबसे बड़े अधिकार—मताधिकार—की रक्षा की मांग को लेकर जिला खैरागढ़-छुईखदान-गंडई (KCG) में जिला कांग्रेस द्वारा एक विशाल विरोध प्रदर्शन का आयोजन किया गया। इस जन-आंदोलन का नेतृत्व कांग्रेस के वरिष्ठ नेत्री और पूर्व विधायक छन्नी साहू ने किया, जिसमें भारी संख्या में स्थानीय नागरिकों और कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लेकर हुंकार भरी। चुनावी प्रक्रियाओं में कथित धांधली और मतदाता अधिकारों पर हो रहे प्रहार के विरोध में कार्यकर्ताओं ने कड़ा विरोध प्रदर्शन किया। जिला मुख्यालय से शुरू हुए ‘वोट चोर गद्दी छोड़ ‘ में शामिल प्रदर्शनकारियों के हाथों में नारे लिखी तख्तियां थीं, जिनमें लोकतंत्र को बचाने और चुनावी शुचिता बनाए रखने की मांग की जा रही थी। मार्च के दौरान पूरा शहर गगनभेदी नारों से गूंज उठा।
मार्च के मुख्य चौराहे पर पहुंचते ही विरोध प्रदर्शन और उग्र हो गया, जहाँ पूर्व विधायक छन्नी साहू की मौजूदगी में आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने तंत्र के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतले का दहन किया। इस दौरान छन्नी साहू ने जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि वोट हर नागरिक की सबसे बड़ी ताकत और देश के भविष्य की बुनियाद है, इसलिए इसकी गरिमा पर किसी भी तरह की आंच आने नहीं दी जाएगी। पूर्व विधायक और प्रदर्शनकारियों ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि आम जनता के मतों का अधिकार सुरक्षित रखने के लिए उनका यह संघर्ष तब तक जारी रहेगा जब तक पूरी व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित नहीं हो जाती। इस मार्च ने जिले की राजनीतिक सरगर्मी को पूरी तरह बढ़ा दिया है और इसे लोकतंत्र की रक्षा के लिए एक बड़ा जमीनी आंदोलन माना जा रहा है।चुनाव आयोग अपनी कार्यशैली से जनता का विश्वास खो चुकी है जिसके परिणामस्वरूप देशभर में CEC को हटाने के लिए विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है इसी क्रम में जिला केसीजी में रैली निकालकर व पुतला दहन कर प्रदर्शन कर ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई, इस मौके पर स्थानीय विधायक श्रीमती यशोदा वर्मा जी,जिलाध्यक्ष श्री कोमल साहू जी सहित जिले के समस्त सक्रिय साथीगण उपस्थित रहें।






