बिलासपुर (कमलकांत पाटनवार):– सार्वजनिक वितरण प्रणाली को आधुनिक, पारदर्शी और सुविधाजनक बनाने कीदिशा में छत्तीसगढ़ सरकार ने एक नई पहल की है। बिलासपुर के सरकंडा में अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम का शुभारंभ उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने किया। वहीं खाद्य मंत्री दयालदास बघेल वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े। संयुक्त राष्ट्र विश्व खाद्य कार्यक्रम यानी WFP के सहयोग से खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा स्थापित इस ग्रेन एटीएम के जरिए अब राशन वितरण की प्रक्रिया और अधिक आसान और पारदर्शी होगी। बायोमेट्रिक से मिलेगा राशन अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम से राशन लेने के लिए हितग्राही को मशीन के सामने खड़े होकर आधार आधारित फिंगरप्रिंट बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण करना होगा। इसके बाद स्क्रीन पर उपलब्ध राशन और उसकी मात्रा दिखाई देगी। पुष्टि करने के बाद हितग्राही अपना खाली बैग मशीन के डिस्पेंसर के नीचे रखकर डिस्पेंस बटन दबाएगा और कुछ ही सेकंड में निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न अपने आप बैग में भर जाएगा। मानवीय त्रुटियां होंगी कम इस तकनीक से राशन वितरण में मानवीय त्रुटियों को कम करने, समय बचाने और हितग्राहियों को सटीक मात्रा में खाद्यान्न उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने इस पहल को सार्वजनिक वितरण प्रणाली में तकनीकी नवाचार और पारदर्शिता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। शुभारंभ के दौरान मशीन से राशन वितरण का प्रत्यक्ष प्रदर्शन भी किया गया। आधुनिक व्यवस्था को देखकर राशन कार्डधारी हितग्राहियों और आम नागरिकों में खासा उत्साह देखने को मिला।
कार्यक्रम में विधायक सुशांत शुक्ला, महापौर पूजा विधानी, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, कलेक्टर संजय अग्रवाल, पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह, निगम आयुक्त प्रकाश सर्वे सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में हितग्राही मौजूद रहे।
अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम के शुरू होने से बिलासपुर में राशन वितरण व्यवस्था को तकनीक से जोड़ते हुए इसे और अधिक सुगम, पारदर्शी और हितग्राही-केंद्रित बनाने की दिशा में नई शुरुआत मानी जा रही है।






